|
४१ |
सुखी संसारात हवी विश्वासाची
जोड |
| ----- रावांचे नाव घेते,
घास घालून तोंड करते गोड |
|
४२ |
अरुणासह ऊषा आली,
सोनियाची प्रभा पसरली |
|
----- रावांचे नाव
घ्यायला मी नाही विसरली |
|
४३ |
नाशिकची द्राक्षे,
नागपूरची संत्री |
| आजपासून मी झाले -----
रावांची ग्रुहमंत्री |
|
४४ |
शब्द तिथे नाद कवी तिथे कविता |
|
----- रावांची जोड जणू सागर आणि सरिता |
|
४५ |
नव्या दिशा, नव्या आशा,
नव्या घरी पर्दापण |
| ----- रावांच्या जीवनात
माझे सर्वस्व अर्पण |
|
४६ |
चंदनाच्या झाडावर बसला मोर |
|
----- रावांच्या जीवावर मी आहे थोर |
|
४७ |
चंद्राचा उदय, समुद्राला
भरती |
| ----- रावांच्या शब्दांनी
सारे श्रम हरती |
|
४८ |
सूख समाधान तिथे
लक्ष्मीचा वास |
| ----- रावांना देते मी
जिलेबीचा घास |
|
४९ |
पदस्पर्शाने लंवडते
उंबरठ्यावरलं माप |
| ----- रावांची
भाग्यलक्ष्मी म्हणुन ग्रुहप्रवेश करते आज |
|
५० |
घराला असावं अंगण, अंगणात
डोलावी तूळस |
| ----- रावांच्या जीवनात
चढवीन आंनदाचा कळस |
|
५१ |
सूख दू:खाच्या धाग्यांनी
जीवन वस्त्र विणले |
| ----- रावांच्या सहवासात
भाग्य माझे हसले |
|
५२ |
अंलकारात अंलकार
मंगळसूत्र मूख्य |
| ----- रावांचा आनंद हेच
माझे सौख्य |
|
५३ |
मंगळ्सूत्र हा सौभाग्याचा
अंलकार |
| ----- रावांच्यासह ध्येय,
आशा होवोत साकार |
|
५४ |
आकाशाच्या पोटी चंद्र,
सूर्य, तारांगणे |
| ----- रावांचे नाव घेते
तूमच्या म्हणण्याप्रमाणे |
|
५५ |
नीलवर्ण आकाशात चमकतात
तारे |
| ----- रावांचे नाव घेते
लक्ष दया सारे |
|
५६ |
सांयकाळ्चे वेळी नमस्कार
करते देवाला |
| ----- रावांचे नाव घेताना
आनंद होतो मनाला |
|
५७ |
इग्रंजी भाषेत चंद्राला
म्हणतात मून |
| ----- रावांचे नाव घेते
----- ची सून |
|
५८ |
खडीसाखरेचा खडा खावा
तेव्हा गोड |
| ----- रावांचे नाव
अम्रुतापेक्षा गोड |
|
५९ |
इग्रंजी भाषेत आईला
म्हणतात मदर |
| ---- रावांचे नाव घेते
सोडा माझा पदर |
|
६० |
फुलात फुल जाईचे फुल |
| ----- रावांनी घातली मला
भूल |